पेरिस ओलिम्पक 2024 में भारत के स्वप्निल कुसाले ने गुरुवार को इतिहास रच दिया. पुरुषों की 50 मीटर राइफल की 3 पोजीशन शूटिंग में स्वप्निल में बढ़त लेकर कांस्य पदक जीता है. स्वप्निल भारतीय रेलवे में टिकट कलैक्टर है और 2012 से इंटरनेशनल शूटिंग प्रतियोगिताओं में अपना परचम लहराये हुए है.
स्वप्निल कुसाले ने 2017 कॉमनवेल्थ चैंपियनशिप में ब्रॉन्ज मेडल जीता था. 2022 वर्ल्ड चैंपियनशिप में ब्रॉन्ज मेडल जीता. 2022 एशियन गेम्स में उन्होंने भारत के लिए गोल्ड जीता. 2021 वर्ल्ड कप में भी वह गोल्ड लेकर आए थे. 2023 एशियन शूटिंग चैंपियनशिप में उन्होंने सिल्वर मेडल हासिल किया था. 2024 एशियाई राइफल चैंपियनशिप में उन्होंने भारत के लिए स्वर्ण जीता था.
स्वप्निल कुसाले सेंटर रेलवे में टिकट कलेक्टर के पद पर तैनात हैं. महाराष्ट्र के पुणे में पैदा हुए स्वप्निल का परिवार राधानगरी के कंबलवाडी गांव का रहने वाला है. पढ़ाई-लिखाई के साथ-साथ उन्होंने शूटिंग को अपना कैरियर बनाया. स्वप्निल के पिता प्राइमरी टीचर हैं और उनकी मां अनीता कंबलवाडी गांव की सरपंच है.
स्वप्निल का एक भाई भी अध्यापक है.
मेडल जीतने के बाद स्वप्निल कुसाले ने कहा- ” मैने फाइनल में 451.5 पॉइंट हासिल किया. मुझे काफी खुशी हो रही है कि मैने देश के लिए मेडल जीता है. फाइनल के दौरान मैं काफी नर्वस था और मेरी धड़कनें तेज हो गई थी”
स्वप्निल कुसाले इस इवेन्ट में ओलंपिक मेडल जीतने वाले में पहले भारतीय शूटर बन गए हैं.
स्वप्निल कुसाले एमएस धोनी से काफी प्रभावित हैं. उनके मुताबिक धोनी उनके आदर्श खिलाड़ी हैं. उन्होंने एक इंटरव्यू में कहा था कि मैने उनकी बायोपिक कई बार देखी है. शूटिंग में शांत रहने की जरूरत है. धोनी भी क्रिकेट के मैदान पर शांत रहते हैं. वह मुझे पसंद है.
