लखनऊ के शरणजीत होटल में एक युवक ने अपने पिता संग मिलकर मां और चार बहनों को बेरहमी सी मार डाला. यह परिवार आगरा का निवासी था. परिवार कई दिन पहले घर से निकाला और अजमेर होते हुए यह लोग 30 दिसंबर को लखनऊ के इस होटल में आ गए थे. सामूहिक कत्ल के बाद हत्यारोपी ने अपने पिता संग मिलकर लंबा वीडियो भी बनाया है और इस वीडियो को सोशल मीडिया पर पोस्ट किया था.
नए साल के पहले दिन सुबह सवेरे लखनऊ पुलिस को शहर के शरणजीत होटल में पांच लाशें होने की सूचना मिली थी. पुलिस मौके पर पहुंची और लाशों को अपने कब्जे में ले लिया. कमरे में असद नाम का एक युवक भी मिला जिसने बताया कि यह कत्ल उसने किए हैं. उसने यह भी बताया कि इस नरसंहार में उसका पिता भी शामिल है. असद ने कत्ल के बाद अपने पिता को चारबाग स्टेशन पर छोड़ा और फिर लौट करके होटल में आ गया.
इस नरसंहार का कारण असद ने अपने मोहल्ले के लोगों को बताया है. उसने वीडियो में यह जाहिर किया कि वह और उसका परिवार बुरी तरह से मोहल्ले के लोगों से प्रताड़ित है. उसने यह भी बताया कि मोहल्ले के लोगों ने उसका घर छीन लिया है. उसके घर पर अवैध कब्जा है. पुलिस ने असद को गिरफ्तार कर लिया है और उसके पिता बदर की गिरफ्तारी के लिए संभावित स्थानों पर दबिशें दे रही है.
असद ने इस नरसंहार के बाद फोन से वीडियो बनाकर खुद को, अपने पिता को और सभी लाशों को शूट किया और सामाजिक हमदर्दी लूटने की कोशिश की. वारदात के बाद आगरा पुलिस भी असद के घर पर पहुंची और पूरे मामले की जानकारी की. असद के बारे में इलाके के लोगों ने बताया कि वह बेहद सनकी है. उसने अपनी चार बहनों और मां को घर में कैद करके रखा हुआ था. यह परिवार दिल्ली वालों के नाम से जाना जाता है. बदर 25 साल पहले बेरोजगार होने पर परिवार को लेकर दिल्ली से आगरा आ गए थे. यहां उन्होंने 100 गज का प्लॉट खरीदा और उस पर एक कमरा बना कर रहने लगे.
परिवार की आर्थिक स्थिति खराब होने पर पड़ोस के रहने वाले एक व्यक्ति को उन्होंने 50 गज जमीन बेच दी थी. जो पैसा मिला उसे उन्होंने मकान को दो मंजिला बनवाया. पड़ोसियों का कहना है कि असद अपनी मां और बहनों को बुरी तरह पीटता था. उनकी चीखों की आवाज उन्होंने कई बार सुनी है. असद को यह भी पसंद नहीं था कि उसकी मां और बहिनें मोहल्ले में किसी से बातचीत करें. इस बात को लेकर कई बार सड़क पर निकल कर भी मारपीट हुई है.
पड़ोसियों ने पुलिस को यह भी बताया कि असद शादीशुदा है. शादी के 1 महीने के अंदर की असद ने अपनी बीवी को बुरी तरह प्रताड़ित किया था. असद उसे बुरी तरह पीटता था. इस प्रताड़ना से तंग आकर उसकी पत्नी एक महीने के बाद अपने घर चली गई और तब से लौटी नहीं.
नरसंहार से पहले 31 दिसंबर की रात को होटल में नए साल का कार्यक्रम था. असद ने जश्न की बात कहकर पूरे परिवार को जबरन शराब पिलाई. शराब पीने के बाद असद की मां और बहिनें बेसुध हो गई इसके बाद असद ने अपने पिता के संग मिलकर उनकी बारी-बारी से हत्या कर दी. किसी का गला काटा गया तो किसी की हाथ की नस काट दी गई. किसी की हत्या गला दबाकर की गई. असद की सबसे छोटी बहन की उम्र 9 साल थी और उसकी सबसे बड़ी बहन की उम्र 18 साल थी.
पुलिस ने हत्या में प्रयुक्त हथियार भी असद के कब्जे से बरामद किए है
