मेरठ में एक बीवी ने अपनी जिस्मानी जरूरतें पूरी करने के लिए अपने शौहर की हत्या करा डाली. बीबी का इश्क और नाजायज ताल्लुकात एक मुस्लिम युवक से थे. इस हत्याकांड में अपनी मां के साथ मृतक की बेटी भी शामिल रही. अपने दलित आशिक से शादी करने के लिए उसने यह प्रपंच रचा. पिता का गुनाह सिर्फ यह था कि उसने दलित युवक से अपनी बेटी की आशिकी का विरोध किया था. पुलिस ने इस हत्याकांड में 5 आरोपियों की गिरफ्तारी की है.
पुलिस ने खुलासा किया है कि जानी खुर्द में हुई सुभाष चन्द्र की हत्या की साजिश उनकी बीबी कविता और बेटी सोनम ने रची थी. कविता ने अपने प्रेमी गुलजार और सोनम ने अपने प्रेमी के साथ मिलकर इस वारदात को अंजाम तक पहुंचाया. 2 जून की शाम सुभाष की उस वक्त हत्या कर दी गयी थी जब वह अपने खेत में पानी देकर वापस लौट रहे थे. तीन हमलावरों ने गोली मारकर इस वारदात को अंजाम दिया था.
पुलिस के मुताबिक सुभाष की पत्नी कविता के संबध गुलजार नाम के युवक के साथ थे. इस बात की जानकारी सुभाष को हो गयी थी. सुभाष ने इस संबध का विरोध किया तो पत्नी उनसे झगड़े के लिए आमादा हो गयी थी.

यही नही, सुभाष की बेटी के संबध एक दलित युवक विपिन से थे. सोनम विपिन से शादी करना चाहती थी लेकिन सुभाष इस रिश्ते का विरोध कर रहे थे.
सुभाष की बड़ी बेटी डॉली ने भी दलित युवक से शादी की थी. सुभाष शादी के बाद इस रिश्ते को मान गये. छोटी बेटी सोनम के प्रस्ताव पर उन्होने विरोध किया इस बात से सोनम अपने पिता से नाखुश थी. मां-बेटी ने पिता से निजात पाने के लिए उसकी हत्या की साजिश रच डाली.
पुलिस ने कोई बाहरी कान्टेक्ट ना मिलने की स्थिति में जब घरवालों की कुंडली खंगाली तो कविता और सोनम की कहानी निकलकर सामने आयी.
दोनो के संबध अपने-अपने प्रेमियों से मिले और इलैक्ट्रोनिक साक्ष्यों में चारों की हत्या को लेकर स्वीकारोक्ति भी पुलिस ने हासिल की है. अजगर नाम का विपिन का दोस्त भी इस हत्या में शामिल रहा है. पुलिस ने सभी की गिरफ्तारी की है.
